गर्भगृह में बिराजमान हुए भगवान जगन्नाथ
अनुराग आचार्य (व्यौरोचीफ)
बाहुडा़ रथयात्रा के दौरान दो दिनों तक रथ में ही भक्तो को दर्शन देने के बाद भगवान जगन्नाथ का मंदिर में प्रवेश हुआ।
भगवान जगन्नाथ को पुरोहितो ने स्नान, श्रृंगार कराने के पश्चात धूप, दीप ,नैवेद्य अर्पण कर भगवान को श्रद्धा पूर्वक मंदिर के गर्भगृह में बिराजमान किया।
भगवान बिराजमान होते ही घंटा,शंखध्वनी से मंदिर परिसर गुंजने लगी चारो ओर एक आध्यात्मिक वातावरण बन गया।





