कसाई के हाथो जाने से बचाई गई गौवंशो को मिली नई आश्रय स्थली
गौरक्षा का बीडा़ उठाए बजरंग के कार्यकर्ताओ की पूरी कोशिश रहती है कि गौवंश को कैसे बचाया जाए, कई बार गौतस्करो, गौमांस तस्करो, से इनकी मुठभेड़ हो जाती है,तो कई बार इन्हें जेल भी जाना पड़ता है।
बजरंगदल के कार्यकर्ता गौतस्करी रोकने व गौ वंश की रक्षा के लिए हमेशा जोखिम उठाते है, पर इनके पास एक समस्या आती है कि तस्करो / कसाईयो से बचाए गए गौवंसो को कहाँ रखा जाए।
राउरकेला बजरंगदल के कार्यकर्ताओं के पास भी यही समस्या आन पड़ी है जिसके समाधान के लिए बजरंगदल का एक प्रतिनिधि मंडल राउरकेला नगरपालिका के उपायुक्त सुधांशु भोई से मुलाकात कर इस समस्या को लेकर चर्चा की और नगरपालिका के कांजी हाउस में कसाईयो के हाथो जाने से बचाए गए गौवंशो को रखने का प्रस्ताव रखा जिसपर नगरपालिका उपायुक्त ने बजरंगदल के प्रतिनिधि मंड़ल को इस कार्य के लिए हर संभव मदद देने का आश्वासन दिया।
अबतक ऐसी गौवंशो को वेदव्यास स्थित गौशाला में रखा जाता था,पर अब वहाँ भी जगह की कमी की वजह से और अधिक गौवंशो को रखा नही जा सकता। इसलिए नगरपालिका कांजी हाउस एकमात्र विकल्प बचता है, यह कांजी हाउस राउरकेला के सेक्टर 14 में है।पिछले कई दिनों से आर एस कालोनी, बंडामुंडा़, पानपोष, वेदव्यास जैसे जगहो से गायो को पकडा़ जा रहा है, सेक्टर 14 स्थित नगरनिगम के कांजी हाउस में जगह मिलने से बजरंगदल कार्यकर्ताओ में खुशी का माहौल देखा जा रहा है क्योंकि यह स्थान गौ तस्करी की जाने वाली मार्गो से नजदीक है।
बजरंग दल ने इसके लिए नगरपालिका उपायुक्त का धन्यवाद किया।
इस प्रतिनिधि मंडल का नेतृत्व समाज सेवी समर तन्ति बजरंग दल के बिनोद प्रजापति, राजेश साहु, जगदीश जैसवाल ,राकेश शर्मा, मोनू सिंह ने किया था। इस प्रतिनिधिमंडल के साथ राजूसिंह ,बिनय आचार्य, नवीन सिंह आदि बजरंग दल के वरिष्ठ कार्यकर्ताओ को भी देखा गया।





