खान प्रबंधन की दादागीरी से नाराज ग्रामीण
अनुराग आचार्य (व्यौरोचीफ)
ग्रामीणों ने किया उप जिलापाल कार्यालय का घेराव।
खान प्रभावित अंचलवासियो को पुनर्वास, उचित क्षतिपुर्ति व नियुक्ति न दिए जाने व एकडा़ल गांव के कुटुरिया बस्ती के 27 परिवारों की एमसीएल द्वारा बार-बार अनदेखी किए जाने से और अन्नत पोखरीया खान के संप्रासारण के लिए भूमि अधिग्रहण किए बिना एक बुलडोज़र भूमि को समतल करने के काम में लगी हुई थी। इस कार्य का विरोध करते हुए पद्मावतीपूर गांव के कूनी सामल अपनी मोटरसाइकिल को खडा़ कर बुलडोजर चालक से इसका कारण पूछने गया,इसपर जबाबी कारवाई करते हुए बुलडोज़र चालक ने मोटरसाइकिल पर ही बुलडोजर चढ़ा दी, फलस्वरूप मोटरसाइकिल जलकर पूरी तरह नष्ट और उसमें रखे जरुरी दस्तावेज भी नष्ट हो गए।
सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार पद्मावतीपुर पंचायत के गांव वृंदावनपुर में कुछ जमीन जगन्नाथ क्षेत्र के अनंत कोयला खान में चली गई, जबकि कुछ जमीनों का एमसीएल ने उन्हें बिना मुआवजे या अन्य शर्ते पूरण किए बिना जबरन उसपर कब्जा कर लिया और उसपर बुलडोजर चलवा दी।
इस मामले पर स्थानीय विधायक ने हस्तक्षेप कर मामले को सुलझाने का प्रयास किया। जिसका उल्लेख करते हुए
श्री सामल ने कहा कि तालचर विधायक ब्रज किशोर मौके पर पहुंचे और एमसीएल के दोनों पक्षों के साथ समझौता होने के तीन दिनों के भीतर सामल की बाइक सहित रोजगार और मुआवजा प्रदान करने पर सहमती हुई थी। पर आज तक इस वादे को पूरा नही किया जा सका।
जिसपर नाराज ग्रामीणों ने 17 परिवारों के लिए न्याय की कमी का हवाला देते हुए स्थानीय उप-जिला मजिस्ट्रेट कार्यालय का घेराव किया।
इस मामले को सुलझाने के लिए उच्च स्तरीय बैठक करने का निर्णय लेने के बाद ग्रामीण वहाँ से चले गए।
अब देखना यह है कि इन ग्रामीणो को कबतक न्याय मिलता है





