व्यवसायी ने पुलिस पर लगाया परेशान करने का आरोप
अनुराग आचार्य (व्यौरोचीफ)
कारोबारी ने पुलिस के खिलाफ की शिकायत और वीडियो वायरल कर दिया।
तालचेर कोलियरी थाना क्षेत्र इलाके में रहने वाले एक वरिष्ठ व्यवसायी का कलकत्ता के एक व्यसायी के साथ घनिष्ठ संबंध बन गया था । जिसके बाद दोनों कारोबारी तालचेर इलाके में संयुक्त रूप से साथ मिलकर (पटनरशिप) कारोबार कर रहे थे।
कलकत्ता के व्यवसायी को शिकायत कर्ता व्यवसायी के एक सहयोगी व्यवसायी द्वारा चतुराई से ठग लिया गया था।
इस मामले को लेकर कलकत्ता के व्यवसायी द्वारा स्थानीय थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराने के बाद पुलिस द्वारा उक्त व्यवसायी के नाम से एक मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया और न्यायालय चलान कर दिया।
उक्त व्यवसायी जब जमानत लेकर घर आया तो फिर से पुलिस उसे गिरफ्तार करने के उद्देश्य से आधि रात के समय उसके घर जाकर घर का दरवाजा तोड़कर उसे थाने उठा लाई और पूछताछ के बाद वापस घर लाकर छोड़ दिया।
यहाँ व्यापारी ने प्रश्न उठाया है कि पुलिस क्यो उसे बारंबार थाने बुलाकर परेशान कर रही है इस संबंध में व्यापारी द्वारा शोसल मीडिया में एक विडियो अपलोड़ कर सार्वजनिक किया है।व्यवसायी का कहना है कि पुलिस मुझे परेशान करने के उद्देश्य से बार बार थाने में "बुलाती है"/"लेकर जाती है"।
इस मामले में पुलिस की ओर से कहा गया है कि मामला न्यायालय में बिचाराधीन होने से बिभिन्न तथ्यों की जानकारी के लिए उसे थाने में बुलाया गया है।
जैन के व्यापारिक सहयोगियों ने कलकत्ता के व्यवसायियों के साथ पैसों की हेराफेरी कर उनके साथ धोखाधड़ी की। इस संबंध में कलकत्ता के व्यवसायी ने तलचर कोलियरी थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई और पुलिस ने उसके नाम पर मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया. व्यवसायी के कोर्ट से जमानत पर बाहर आने के बाद पुलिस रात में उसके घर गई और उसे गिरफ्तार करने के लिए दरवाजा तोड़ा, आधी रात को उठाया और कुछ सवाल पूछने के बाद पुलिस ने उसे फिर जाने दिया. ऐसे में यहां सवाल उठता है कि पुलिस ने बार-बार कारोबारी को थाने बुलाया और फिर जाने क्यों दिया। उक्त व्यवसायी ने इन घटनाओं को केन्द्रित करते हुए सोशल मीडिया के माध्यम से सार्वजनिक बयान दिया और कहा कि पुलिस ने जानबूझकर मुझे बिना किसी कारण के थाने बुलाया है और मुझ पर प्रताड़ना और मानसिक प्रताड़ना का आरोप लगाया है. हालांकि इस मामले में पुलिस से पूछने पर उन्होंने मीडिया से कहा कि चूंकि यह कोर्ट में विचाराधीन है, इसलिए मैं विभिन्न जानकारी के लिए उन्हें थाने बुला रहा हूं.





