23 लाख के डिजिटल धोखाधड़ी के आरोपी राजस्थान से गिरफ्तार
राउरकेला पुलिस साइबर अपराध और आर्थिक अपराध के मामले में थानाकांड संख्या-30 दिनांक,26.11.2024 यू/एस-318(4)/319(2)/336(2)/338 बीएनएस/आईटी अधिनियम 2000 की धारा-66-सी/66-डी आइटी एक्ट के तहत दर्ज मामले में आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
पूरा मामला आॅनलाइन धोखाधड़ी का है। राउरकेला पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार डिजिटल अरेस्ट के नाम पर पैसे की धोखाधड़ी और पीड़ित से 23,00,000/- रुपये की धोखाधड़ी के संबंध में सीसी और ईओ थाना राउरकेला में उपर्युक्त मामला दर्ज किया गया है।
मामले की जांच के दौरान यह पता चला कि 30.8.2024 को लगभग 11.30 बजे शिकायतकर्ता को डीएचएल कूरियर सेवा से फोन नंबर-9393278649 पर पार्सल वापसी के संबंध में फोन आया। जब शिकायतकर्ता ने कोई भी पार्सल भेजने से इनकार किया तो डिलीवरी बॉय ने कहा कि इस पार्सल में आधार कार्ड का इस्तेमाल किया गया है और यह पार्सल मुंबई से चीन भेजा गया है जिसमें नशीले पदार्थ हैं। तब शिकायतकर्ता अपने दस्तावेजों के दुरुपयोग के बारे में रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए स्थानीय पुलिस स्टेशन जाना चाहता था, जालसाज ने तुरंत मुंबई क्राइम ब्रांच से संपर्क किया और मोहित हांडा नामक एक व्यक्ति ने खुद को पुलिस कर्मचारी बताते हुए शिकायतकर्ता से बात की। फिर जालसाजों ने स्काइप पर वीडियो कॉल के जरिए बात की और शिकायतकर्ता को यकीन दिलाया कि वे असली पुलिस अधिकारी हैं। ऐसे में शिकायतकर्ता जालसाजों के कब्जे में आ जाता है।
पुलिस को जांच के दौरान पता चला कि आरोपियों ने मुंबई क्राइम ब्रांच और सीबीआई के पुलिस अधिकारी बनकर कुछ ही दिनों में शिकायतकर्ता से 23,00,000 रुपये की वसूली की। उन्होंने शिकायतकर्ता और उसके बेटे पर हमला करने की धमकी दी। इस पूरे वारदात को दो आरोपीयों द्वारा अंजाम दिया गया हैं।
मुकेश कुमार साइनी (21)पुत्र-कमलेस साइनी,
पता/थाना-समुद,जिला-जयपूर, राजस्थान और हरसित साइन (22)पुत्र-सवरमल साइन, एसबीआई एटीएम के निकट,थाना-चोमु, जिला-जयपुर, राजस्थान। ये दोनो आरोपी जोधपुर और जयपुर से गिरफ्तार किए गए है। वे वहां खच्चर खातों के रूप में काम कर रहे थे और धोखाधड़ी में मदद कर रहे थे। पूरे संगठित गिरोह की पहचान कर ली गई है और आगे की कार्रवाई चल रही है। उनकी धोखाधड़ी गतिविधि के कारण, अरुण कुमार मंडल पर उनकी नजर पड़ी और उनके खाते से 23,00000/- रुपये डेबिट हो गए। आदेश के अनुसार सहायक निरीक्षक आदित्य नारायण बेहरा और सहायक निरीक्षक ओम प्रकाश राउतराय को आरोपी व्यक्ति को पकड़ने के लिए राजस्थान भेजा गया था और तदनुसार उपरोक्त आरोपी व्यक्ति को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया।दोनो आरोपियों को राजस्थान में गिरफ्तार करने के बाद जयपुर राजस्थान के न्यायालय में अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया और दोनों आरोपीयों को ओडिशा (टी) ट्रांजिट रिमांड पर लाया गया।
पुलिस ने इन आरोपीयों से एक आईफोन 12 जिसका IMEI नंबर-357619536331701 और 357619536398007 है जिसका सिम नंबर-8955063802(J10) है जब्त किया है।
राउरकेला पुलिस के अनुसार अन्य संलिप्त व्यक्तियों की गिरफ्तारी होगी,इस मामले में 1-10 अन्य आरोपियों की संलिप्तता की जांच चल रही है। इस कार्यवाही में राउरकेला पुलिस टीम की ओर से सहायक निरीक्षक आदित्य नारायण बेहरा, सहायक निरीक्षक ओम प्रकाश राउतराय,सी/203 राजेश कुमार प्रधान, सी/1363 अशोक किसान, सी/73 सत्यजीत साहू, शामिल थे।
राउरकेला पुलिस द्वारा आम जनता के लिए जागरूकता संदेश दिया गया है, कि-
1. बीएनएसएस के अनुसार अपने अधिकारों को जानें। डिजिटल गिरफ्तारी जैसा कोई मतलब नहीं है।
2. ऐसी किसी भी कॉल/आपात स्थिति में साइबर पीएस/स्थानीय पीएस/1930/112 से संपर्क करें।
3. किसी भी कॉलर को अपने बारे में, परिवार के बारे में, बैंकिंग विवरण आदि की व्यक्तिगत जानकारी साझा न करें।
4. यदि कोई व्यक्ति पुलिस अधिकारी होने का दावा करता है तो उचित मूल प्रमाण पत्र/एनबीडब्लू मांगें।





