बालात्कारी को सश्रम कारावास 

बालात्कारी को सश्रम कारावास 

अनुराग आचार्य (व्यौरोचीफ) 

तालचेर प्रखंड के जगन्नाथपुर गांव निवासी बलराम बेहरा उर्फ ​​बलेई ता:19/04/2015 को
उसी गांव की एक विवाहित महिला को उसके पति के बीमार होने का बहाना बनाकर उसे ये बताया कि उसका इलाज नजदीक के एक चिकित्सा केंद्र में चल रहा है।और उसे पति के पास ले जाने के बहाने कालीमंदिर चौक के पास एक झाड़ के पीछे ले कर जबरन उसका बालात्कार किया।
बालात्कार करने के बाद उसके चेहरे पर पत्थर से वार किया गया और प्लास्टिक की रस्सी से गर्दन में बांध दिया गया, और खून से लतपत महिला को पास के नाले के पास झाड़ियों में छोड़कर चला गया। 
स्थानीय लोगों की मदद से पीड़िता को बचाया गया और इलाज के लिए कटक सामान्य अस्पताल भेजा गया।इस मामले में पुलिस ने भारतीय दंड़ संहिता की धारा 363, 364, 365, 376, 306 के तहत मामला दर्ज कर लिया है।  
इस मामले में पिडिता और गवाहो के बयान के आधार पर बिचाराधीन कैदी बलराम को अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट रवींद्र कुमार दास ने सुनवाई कर धारा 364 में दो वर्ष की सजा एवं 5 हजार रूपये का जुर्माना, धारा 306 में सात वर्ष की सजा और दो हजार का जुर्माना, धारा 376 में दस साल की सजा एवं दस हजार का जुर्माना, व जुर्माना ना भरने पर छ महिने की अतिरिक्त सजा सुनाई है। 
इस मामले की जिरह सरकारी वकील निर्मल कुमार त्रिपाठी ज्योति प्रकाश महापात्रा (कैडर) और नरेश चंद्र नाइक ने की थी।