दरदर भटकते विस्थापित
अनुराग आचार्य (व्योरोचीफ)
विस्थापन की समस्या को लेकर क्षतिग्रस्त लोगों ने केंद्रीय मंत्री से मुलाकात की।
तालचेर क्षेत्र के विभिन्न विस्थापित गांवों की समस्या दिनों दिन विकराल होती जा रही है, लोगों को न के बराबर की समस्या का सामना करना पड़ रहा है,पर इनकी सुनने वाला कोई नही।
आरपीडीसी की बैठक वर्षों से नहीं हुई है। दफ्तर के चक्कर काट रहे प्रभावितों को कोई फल नहीं मिल रहा है। ऐसे में प्रभावित लोगों का काफी बुरा हाल है। कोयला खनन के कारण स्थानीय निवासी अपना सब कुछ खोकर तंग हाल हो रहे है। आज भाजपा के प्रदेश सचिव कालंदी सामल के नेतृत्व में तालचेर की विभिन्न ग्राम समितियों ने आईडीपी के मुद्दे को लेकर नई दिल्ली में केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से मुलाकात की। केंद्रीय मंत्री श्री प्रधान ने अपनी ही जमीन के लोगों की समस्याओं को समझते हुए केंद्रीय कोयला एवं खान मंत्री प्रह्लाद जोशी से मुलाकात कर विस्थापितों की समस्याओं पर ग्राम समिति के सदस्यों से चर्चा की और इस संबंध में तत्काल कदम उठाने को कहा , मीडिया प्रकोष्ठ फुडूराम बारिक ने कहा। विस्थापितों की बंदोबस्त, भूमि अधिग्रहण, मुआवजा और रोजगार सहित अन्य मुद्दों पर चर्चा हुई। पूर्ण अधिग्रहण के लिए गोपालप्रसाद, आखपाल, बनबसपुर, लाडगुंदुरी, जटिया, बलुंगा, एकदल गांवों पर चर्चा की गई। चर्चा के दौरान कोलइंडिया व एमसीएल के समस्त पदाधिकारी, राज्य सचिव श्री सामल, राजेंद्र सिंह, लोकनाथ साहू, नरेश बेहरा, कृष्णचंद्र दास, तापस साहू, बीरेन खिलर, बीएमएसनेता सुभाषचंद्र प्रधान व ग्राम समिति के सदस्य चर्चा के दौरान उपस्थित थे।





